बतायी क्षमा पर्व की महानता
बारां। श्री जैन श्वेताम्बर समाज मूर्ति पूजक संघ के अध्यक्ष राजेन्द्र रंगावत, पूर्व मंत्री प्रमोद जैन भाया, अशोक पतीरा ने बताया कि जैन श्वेताम्बर संघ के श्री चंद्रप्रभू मंदिर में चल रहे। आठ दिवसीय पर्यूषण पर्व धार्मिक कार्यक्रमों के साथ सम्पन्न हुए। उन्होनें बताया कि पर्वाधिराज पर्यूषण पर्व की आराधना करवाने हेतु उपासना मंदिर अरिहंत बंगलो-मुम्बई (महाराष्ट्र) से आए साधर्मिक क्रिश सतीश भाई रांका, कलश अश्विन भाई ने पर्यूषण पर्व के आठवे दिन बताया कि जैसे देवो में इन्द्र, तारों में चन्द्र, तीर्थो में शत्रुजंय, मंत्रों में नवकार उसी तरह सर्वज्ञ प्रभू द्वारा कथित सर्व र्पर्वो में श्री वार्षिक पर्व पर्यूषण महान है।

उसमें भी क्षमावाणी का अपना महत्व है। खाममि सव्वे जीवे, सव्वे जीवा खमन्तु में मित्री में रत्व भुएसु, वेर मझं न केणई। उन्होने कहा कि मनुष्य के दिन बैर के बीज को समाप्त करने का संकल्प करें। उन्होने कहा कि अब आंसूओं को पोछिए मुस्कराईये, जो कुछ हो चुका हैंं। उसे भूल जाओ दीवारे नफरत की अब तो गिराईये। जैसे भी हो दिलों को दिलों से मिलाईये। अब वक्त आ गया है कि एक-दूसरे को अपने मन-मुटाव भूलकर आपस में गले लगाकर क्षमा याचना करने का। चन्द्रप्रभू महिला मण्डल अध्यक्ष उर्मिला जैन भाया, हेताली बोरडिया, मेघा मारू, निर्मला बोरडिया, अरूणा शाह ने बताया कि बुधवार की स्नात्र पूजा विजया श्रीमाल, विरेन्द्र-मोना श्रीमाल, दिनेश-पूजा श्रीमाल, ललित-चेतना श्रीमाल, पीयूष-आकांक्षा श्रीमाल परिवारजन की तरफ से सम्पन्न हुई एवं भोजन गौत्तम कुमार-रेखा बोरडिया सपरिवार की तरफ से रहा।
नेम राजुल नाटक के मंचन पर प्रथम पुरस्कार नमन, पार्थ को मिला वहीं विचित्र वेशभूषा नाटक में प्रथम पुरस्कार कियांक्षी श्रीमाल, कियारा, यशस्वी, मिसिका को मिला। प्रतियोगिता में कियांक्षी श्रीमाल, नक्ववी जैन, आस्वी रंगावत, श्रुत बोरडिया, कियारा बोरडिया, यशस्वी श्रीमाल, मनन बोरडिया, प्राहिल मारू, मिसिका मारू, वंश जैन, नमन श्रीमाल, वंश श्रीमाल, पार्थ श्रीमाल आदि बच्चों ने भाग लिया। दीपक रंगावत की धर्मपत्नी प्रीति रंगावत के आठ की तपस्या चल रही है जिस पर सकल श्री संघ की तरफ से खूब-खूब अनुमोदना ज्ञापित की गई। पर्यूषण पर्व पर आयोजित कार्यक्रम में नवयुवक मण्डल, महिला मण्डल सहित सकल श्रीसंघ उपस्थित रहा।
Author: Third Eye News 24
सत्यमेव जयते




