मुंडियार । कस्बे में संचालित राजकीय कन्या महाविद्यालय शाहाबाद में आदिवासी समुदाय की संस्कृति अधिकारों को बचाने के लिए ब्रिटिश शासन के विरुद्ध विद्रोह करने वाले वीर बिरसा मुंडा के शोर्य बलिदान को याद कर पुण्यतिथि पर नमन किया। छात्रा सीतावती सहरिया ने बताया की बिरसा मुंडा जनजाति समुदाय के शोर्य पराक्रम बलिदान का प्रतीक हे। असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. सुरेश मेघवाल ने कहा की जनजाति समुदाय को भारतीय समाज की धारा से जोड़कर सामाजिक सुधार करने ओर आदिवासी क्षेत्रों में इसाई मिशनरीयों द्वारा किए जा रहे हैं। धर्म परिवर्तन के विरुद्ध आवाज उठाई थी। सभी स्टाफ व छात्राएं उपस्थित रही।
Author: Third Eye News 24
सत्यमेव जयते




