होगा प्रभू का जन्मवाचन
बारां। जैन श्वेताम्बर मूर्ति पूजक संघ के राजेन्द्र जैन, गौत्तम मारू, विनय बोरडिया, प्रीतम बोरडिया ने बताया कि पर्वाधिराज पर्यूषण पर्व की आराधना करवाने हेतु उपासना मंदिर अरिहंत बंगलो-मुम्बई (महाराष्ट्र) से पधारे साधर्मिक क्रिश सतीश भाई रांका, कलश अश्विनी भाई ने पर्यूषण पर्व के चौथे दिन कहा कि समुद्र में डूबकी लगाकर मनचाहे मोती निकाल लेते है। इसी प्रकार प्रत्याख्यान नाम के पूर्व रूपीसागर में से उद्धृत करके चौदह पूर्वधर आचार्यदेव भद्रबहुस्वामी ने कल्पसूत्र की रचना की है। जिस प्रकार हिन्दूओं में गीता, मुस्लिमों में कुरान, इसाईयों में बाईबिल, बौद्वों में त्रिपिटक पवित्र ग्रंथ माने जाते है।

उसी प्रकार जैन समाज में कल्पसूत्र को महापवित्र माना जाता है। साधार्मिक बंधुओं ने कहा कि कल्प अर्थात् आचरण, आचरण का विचार के ऊपर प्रभाव पडता है। जैसा खाए अन्न वैसा बने मन’’ उसी प्रकार विचार का आचरण पर प्रभाव पडता है। विचार भ्रष्टता हमको डूबा देती है। आचरण भ्रष्टता अनेक लोगों को डूबो देती है। चन्द्रप्रभू महिला मण्डल की पदाधिकारी शीतल मारू, सोनम बोरड़िया, मोना श्रीमाल ने बताया कि शनिवार की स्नात्र पूजा राज्य के पूर्व खान एवं गोपालन मंत्री प्रमोद जैन भाया, यश जैन भाया पारख परिवार, जिनेन्द्र कुमार जैन, राजेन्द्र कुमार, कपिल, दीपक रंगावत परिवार की तरफ से रही तथा भोजन प्रमोद मारू, राहुल मारू परिवारजनों की तरफ से रहा।

भारी बारिश को दृष्टिगत रखते हुए पर्यूषण पर्व के दौरान शाम को राष्ट्रीय राजमार्ग-27 पर ग्राम बमूलिया के निकट स्थित श्री गुणवर्धन शंखेश्वर पार्श्वनाथ जैन श्वेताम्बर तीर्थ ट्रस्ट पर प्रभू भक्ति के आयोजित किए जाने वाले कार्यक्रम चौमुखा बाजार स्थित चन्द्रप्रभू मंदिर पर ही सम्पन्न हुए तथा गिरनार की भाव यात्रा प्रतियोगिता का आयोजन हुआ। पर्यूषण पर्व पर आयोजित कार्यक्रम में नवयुवक मण्डल, महिला मण्डल सहित सकल श्रीसंघ उपस्थित रहा। भाया परिवार ने कल्पसूत्र बोहराया और कल्पसूत्र का वाचन से प्रारम्भ हुआ। संस्कार वेद, आयुषी वेद ने स्नात्र पूजा महोत्सव में भाया परिवारजन के साथ भाग लिया। स्नात्र महोत्सव पूजा राजेश पुजारी द्वारा सम्पन्न करवायी गयी।
चन्द्रप्रभू महिला मण्डल अध्यक्ष एवं जिला प्रमुख उर्मिला जैन भाया ने बताया कि सकल श्रीसंघ द्वारा प्रातः प्रतिक्रमण, भक्ताम्बर, स्नात्र पूजा, व्याख्यान/प्रवचन, सायंकालीन प्रतिक्रमण, आरती, भक्ति के कार्यक्रम आयोजित किए तथा कल्पसूत्र की पूजा कर बोहराया। भाया ने कहा कि रविवार को प्रभू का जन्मवाचन होगा। जिसमें सभी समाज बंधु अधिक से अधिक संख्या में पधारे।
Author: Third Eye News 24
सत्यमेव जयते




