परवन पुत्रों ने मनाई संघर्ष की रजत जयंती, तिरंगा लेकर रेली में उमड़े किसान,
बारां। कोटा, बारां और झालावाड़ की जीवन रेखा परवन वृहद सिंचाई परियोजना को मूर्त रूप दिलवाने के लिए मेलखेड़ी ग्राम से प्रारंभ किए गए नहरी किसान संघर्ष समिति के संघर्ष के 25 वर्ष पूर्ण होने पर रजत जयंती समारोह संस्था धर्मादा धर्मशाला में मनाया गया। वरिष्ठ चिकित्सक एवं जिला संघचालक डॉ. राधेश्याम गर्ग की अध्यक्षता में हिंदी साहित्य भारती, अखिल भारतीय साहित्य परिषद एवं सारस के संयोजन में कवि सम्मेलन का आयोजन किया गया। समारोह के मुख्य अतिथि विधायक राधेश्याम बैरवा ने कहा कि परवन के लिए बजट की कमी नहीं आने दूंगा। अध्यक्षीय उद्बोधन में जिला संघचालक डॉ. राधेश्याम गर्ग ने पवन यादव उनके साथियों के संघर्ष की सराहना करते हुए आभार व्यक्त किया।

विशिष्ट अतिथि अजीत सिंह मथनी पूर्व प्रधान, रमेश मेहता गदरेटा विभाग संघचालक, दशरथ कुमार अध्यक्ष राष्ट्रीय किसान संयुक्त समिति कोटा, सतीश अरोड़ा समाज सेवक, प्रमोद शर्मा शिक्षाविद, जयेश गालव युवा नेता, दिनेश यादव संरक्षक नहरी किसान संघर्ष समिति ने भी विचार व्यक्त किए।इससे पूर्व मंडी प्रांगण स्थित गणेश मंदिर से बड़ी संख्या में किसान तिरंगा लिए हुए रैली के रूप में समारोह स्थल पहुंचे। जहां देव पूजन एवं अतिथियों का स्वागत कवि भैरूलाल भास्कर की सरस्वती वंदना से हुआ। नहरी किसान संघर्ष समिति के कोटा, झालावाड़, बारां के अध्यक्ष पवन यादव ने स्वागत भाषण प्रस्तुत किया। उन्होंने साहित्यकारों को उनकी रचनाओं का संग्रह एक स्मारिका के रूप में समिति द्वारा प्रकाशित कराने का आश्वासन दिया। अन्य अतिथियों ने परियोजना के पूर्ण होने तक राजनैतिक और सामाजिक स्तर पर हर संभव सहयोग प्रदान करने का वादा किया।

कवि सम्मेलन में जगदीश जलजला, बाबू बंजारा, कोटा से आए प्रशांत टेहल्यानी, गजेंद्र सिंह यादव, अंकिता पांचाल, लीलाधर पांचाल, श्याम अंकुर, राज प्रमोद राज, सौभाग मल वैष्णव, बच्छराज राजस्थानी, रवि रोबोट, मनोज मस्त, बृजराज यादव, निरंजन योगी, भैरूलाल भास्कर, ओम साहू, हरि अग्रवाल एवं मधुसूदन शर्मा काव्य पाठ किया। समिति के महावीर मीणा, नरेंद्र नागर, कमल नागर, चौथमल नागर, गिरिराज बोहरा, महावीर सुमन, रूपचंद गोचर, ओम गोचर, दीनदयाल नागर, बाबूलाल गोरधनपुर, गजेंद्र नागर, महावीर मीणा, महावीर बारिवाल, खानपुर के अध्यक्ष भारत प्रकाश राठौड़, मनोहर मेहरा, कोषाध्यक्ष हेमंत गुप्ता आदि ने अतिथियों एवं कवियों सहित हिंदी साहित्य भारती के अध्यक्ष सरोज दीक्षित, अखिल भारतीय साहित्य परिषद के अध्यक्ष बच्छराज राजस्थानी एवं सारस के सचिव श्याम अंकुर का साफ़ा बंधवा कर तिरंगा दुपट्टा पहना कर परवन बांध का चित्र प्रतीक चिह्न के रूप में भेंट कर अभिनंदन किया। संयोजक मुरलीधर मीणा ने आभार ज्ञापित किया। संचालन सुनील शर्मा एवं बच्छराज राजस्थानी ने किया।
Author: Third Eye News 24
सत्यमेव जयते




